अभिभावकों की मांग पर विद्यालय के उच्चीकरण को मोर्चा ने दी दस्तक
कुंजाग्रांट हाई स्कूल को इंटर कॉलेज बनाने की उठी मांग — ग्रामीणों की आवाज़ सीएम दरबार तक ले जाएगा जन संघर्ष मोर्चा
विकासनगर। (उत्तराखंड। बोल। रहा। है।)
ग्राम कुंजाग्रांट और आसपास के गांवों के अभिभावकों एवं छात्र-छात्राओं की वर्षों पुरानी मांग को लेकर अब एक बार फिर उम्मीद जगी है। जन संघर्ष मोर्चा ने क्षेत्रीय जनभावनाओं को समझते हुए कुंजाग्रांट हाई स्कूल के उच्चीकरण की मांग को ज़ोरदार ढंग से उठाया है। मोर्चा अध्यक्ष एवं जीएमवीएन के पूर्व उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह नेगी के नेतृत्व में टीम ने विद्यालय पहुंचकर अभिभावकों और छात्रों से मुलाकात की और उनकी समस्याओं को सुना।

ग्रामीणों ने बताया कि विद्यालय में वर्तमान में लगभग 300 छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं, लेकिन हाई स्कूल के बाद उन्हें आगे की पढ़ाई के लिए करीब 10 किलोमीटर दूर राजकीय इंटर कॉलेज हरबर्टपुर जाना पड़ता है। आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चों के लिए यह दूरी पढ़ाई जारी रखने में बड़ी बाधा बनती जा रही है।
नेगी ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि इतने बड़े क्षेत्र में कोई इंटरमीडिएट विद्यालय नहीं है, जबकि आसपास के गांव — कुंजा, कुल्हाल, जुडली, आदूवाला, शाहपुर-कल्याणपुर, मटक माजरी आदि — के छात्र इसी विद्यालय पर निर्भर हैं। उन्होंने कहा कि विद्यालय का उच्चीकरण होने से न केवल क्षेत्र के सैकड़ों छात्रों को सुविधा मिलेगी, बल्कि शिक्षा के स्तर में भी व्यापक सुधार आएगा।
पूर्व में भी ग्रामीणों ने इस मांग को लेकर कई बार प्रयास किए, लेकिन अब तक उन्हें सफलता नहीं मिली।
मोर्चा अध्यक्ष ने आश्वासन दिया कि इस मुद्दे को अब मुख्यमंत्री दरबार तक ले जाया जाएगा, ताकि कुंजाग्रांट क्षेत्र के छात्रों को उनका शिक्षा का अधिकार मिल सके।
इस मौके पर मोर्चा महासचिव आकाश दिलबाग सिंह, वरिष्ठ समाजसेवी मोहम्मद आरिफ, हाजी असद, प्रवीण शर्मा ‘पिन्नी’, इदरीश फरमान, कुर्बान, शरीफ, शिक्षकगण, अभिभावक व बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
ग्रामीणों का कहना है कि यदि सरकार ने इस बार उनकी मांग पर सकारात्मक निर्णय लिया, तो यह क्षेत्र की शिक्षा व्यवस्था में ऐतिहासिक बदलाव साबित होगा।
