बंद घर में हुई नकबजनी का खुलासा: 20 लाख की ज्वैलरी समेत एक शातिर चोर गिरफ्तार

एसएसपी देहरादून की रणनीति लाई रंग, पुलिस की मुस्तैदी से पकड़ा गया खानाबदोश चोर

देहरादून, 04 अगस्त 2025
देहरादून के ऋषिकेश क्षेत्र में एक बंद घर में हुई बड़ी चोरी की वारदात का पुलिस ने चौंकाने वाला खुलासा किया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) की सतर्क निगरानी और सुनियोजित रणनीति के चलते पुलिस टीम ने घटना को अंजाम देने वाले एक शातिर खानाबदोश चोर को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी के पास से चोरी गई करीब 20 लाख रुपये मूल्य की ज्वैलरी बरामद की गई है।

क्या था मामला?

01 अगस्त 2025 को ओमप्रकाश बत्रा, निवासी जीवनी माई मार्ग, ऋषिकेश ने कोतवाली में शिकायत दर्ज कराई थी कि 25 से 31 जुलाई तक वह अपने परिवार सहित दिल्ली में थे। इस दौरान किसी अज्ञात चोर ने घर का ताला तोड़कर अलमारी से सोने और हीरे की ज्वैलरी चोरी कर ली।

जांच में जुटी पुलिस, सीसीटीवी से मिला सुराग

एसएसपी देहरादून के निर्देश पर तत्काल प्राथमिकी दर्ज कर कोतवाली ऋषिकेश द्वारा टीमों का गठन किया गया। सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए, मुखबिर तंत्र सक्रिय किया गया और सर्विलांस की मदद ली गई। इसी क्रम में 04 अगस्त को सूचना मिली कि एक संदिग्ध व्यक्ति चोरी का माल लेकर हरिद्वार bypass हाईवे के पास तिराहे पर खड़ा है।

गिरफ्तारी और बरामदगी

पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए सूरज कुमार वर्मा (उम्र 31 वर्ष) को गिरफ्तार किया। तलाशी लेने पर उसके पास से चोरी की गई ज्वैलरी और एक म्यूजिक सिस्टम बरामद किया गया।

पूछताछ में सनसनीखेज खुलासे

आरोपी ने बताया कि वह नशे का आदी है और चोरी की घटनाएं इसी लत को पूरा करने के लिए करता है।

दिनभर गलियों में घूमकर बंद मकानों की रैकी करता है

रात को गंगा घाटों पर सोता है

स्थानीय लोगों को ज्वैलरी बेचने में असफल होने पर हरिद्वार या सहारनपुर भागने की फिराक में था

अपराधिक इतिहास

सूरज कुमार वर्मा पहले भी कई बार चोरी के मामलों में जेल जा चुका है।

वर्ष 2018 से 2022 तक चार अलग-अलग मुकदमे दर्ज

हर बार अकेले ही करता है वारदात

पुलिस टीम की सराहनीय भूमिका

निरीक्षक प्रदीप राणा (प्रभारी कोतवाली ऋषिकेश)

व0उ0नि0 शिशुपाल सिंह राणा

उ0नि0 साहिल वशिष्ठ

कांस्टेबल दिनेश महर

कांस्टेबल सौरव वालिया

कांस्टेबल अभिषेक

कांस्टेबल रूपेश कुमार

दून पुलिस की अपील:
नागरिकों से अनुरोध है कि घर बंद करने से पहले पड़ोसियों को सूचित करें और सीसीटीवी/सिक्योरिटी अलार्म का उपयोग करें। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें