उत्तराखंड बोल रहा है हर खबर सच के संग
ऋषिकेश। उत्तराखंड में चारधाम यात्रा इन दिनों पूरे शबाब पर है, लेकिन इसके साथ ही ऋषिकेश अंतरराज्यीय बस अड्डा (ISBT) पर यात्रियों की भारी भीड़ के कारण व्यवस्थाएं पूरी तरह चरमरा गई हैं। चारधाम यात्रा पंजीकरण (Registration) और रोडवेज टिकट काउंटरों पर सुबह से ही श्रद्धालुओं की किलोमीटर लंबी कतारें लग रही हैं। भीषण गर्मी और घंटों इंतजार के बीच मंगलवार को पंजीकरण काउंटर के पास लाइन में खड़ी एक महिला तीर्थयात्री अचानक बेहोश होकर गिर पड़ी, जिससे परिसर में अफरा-तफरी मच गई।
भीषण गर्मी और उमस ने बढ़ाई मुसीबत
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ऋषिकेश में इन दिनों अत्यधिक गर्मी और उमस है। देश के विभिन्न राज्यों से पहुंचे श्रद्धालु बस टिकट और टोकन के लिए घंटों लाइनों में खड़े रहने को मजबूर हैं। इसी दौरान एक महिला यात्री गश खाकर गिर पड़ी। आसपास मौजूद लोगों और कर्मचारियों ने तुरंत महिला को भीड़ से बाहर निकाला और प्राथमिक उपचार दिया। राहत की बात यह है कि प्राथमिक उपचार के बाद महिला की स्थिति अब सामान्य बताई जा रही है।
यात्रियों के गंभीर आरोप: न पर्याप्त काउंटर, न पुलिस बल
बस अड्डे पर मौजूद कई श्रद्धालुओं ने प्रशासन और रोडवेज प्रबंधन पर लापरवाही के गंभीर आरोप लगाए हैं:
काउंटरों की कमी: यात्रियों का कहना है कि भारी भीड़ के बावजूद काउंटरों की संख्या बेहद कम है।
सुरक्षा व्यवस्था ठप: भीड़ को नियंत्रित करने और कतारें सुचारू रूप से चलाने के लिए परिसर में पर्याप्त पुलिस बल तैनात नहीं है, जिससे कई जगह धक्का-मुक्की की नौबत आ रही है।
अतिरिक्त काउंटरों की मांग: श्रद्धालुओं और स्थानीय निवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि तत्काल अतिरिक्त रजिस्ट्रेशन और टिकट काउंटर खोले जाएं ताकि यात्रियों को इस फजीहत से राहत मिल सके।
“आईएसबीटी के रजिस्ट्रेशन काउंटर पर महिला यात्री काफी देर से कतार में खड़ी थी। भीड़ अधिक होने और लंबा इंतजार करने की वजह से वह थककर बेहोश हो गई थी। सोशल मीडिया या अन्य जगहों पर हाथापाई के कारण बेहोश होने की चल रही खबरें पूरी तरह भ्रामक हैं।” — कैलाश चंद्र भट्ट, कोतवाल (ऋषिकेश)
प्रशासन के सामने बड़ी चुनौती
चारधाम यात्रा के शुरुआती दौर में ही ऋषिकेश में उमड़ रहा यह जनसैलाब आने वाले दिनों के लिए बड़ी चेतावनी है। यदि समय रहते भीड़ प्रबंधन (Crowd Management), पानी की व्यवस्था और अतिरिक्त काउंटरों का इंतजाम नहीं किया गया, तो आने वाले दिनों में यात्रियों की परेशानी और ज्यादा बढ़ सकती है।
