- पूर्व सैनिकों के समान वेतन की मांग पर मोर्चा
पूर्व सैनिकों के हक की लड़ाई में मैदान में उतरा जन संघर्ष मोर्चा
(उत्तराखंड बोल रहा है)
समान कार्य के लिए समान वेतन की मांग पर मुख्यमंत्री से मिलेगा मोर्चा, समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन की चेतावनी
विकासनगर। उपनल के माध्यम से उत्तराखंड जल विद्युत निगम में सेवाएं दे रहे पूर्व सैनिक सुरक्षा कर्मियों और वाहन चालकों की समान कार्य-समान वेतन की मांग को लेकर जन संघर्ष मोर्चा ने निर्णायक लड़ाई का ऐलान किया है।

डाकपत्थर स्थित मनोरंजन सदन द्वितीय में पूर्व सैनिकों के साथ आयोजित कार्यक्रम में मोर्चा के अध्यक्ष एवं पूर्व राज्य मंत्री रघुनाथ सिंह नेगी ने स्पष्ट किया कि पूर्व सैनिकों के अधिकारों से जुड़े इस मुद्दे को अब मजबूती से शासन के सामने उठाया जाएगा।
कार्यक्रम में पूर्व सैनिकों ने नेगी का स्वागत एवं अभिनंदन करते हुए अपनी समस्याएं रखीं। उन्होंने बताया कि उपनल के माध्यम से निगम में सुरक्षा कर्मी और वाहन चालक के रूप में सेवाएं देने वाले कई पूर्व सैनिक लंबे समय से अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन कर रहे हैं। इसके बावजूद समान प्रकृति का कार्य करने के बाद भी उन्हें समान कार्य के लिए समान वेतन का लाभ नहीं मिल पा रहा है।

पूर्व सैनिकों का कहना था कि उन्होंने देश की सेवा करने के बाद भी रोजगार के लिए विभिन्न विभागों में अपनी सेवाएं जारी रखी हैं। कार्य और जिम्मेदारियां समान होने के बावजूद वेतन में अंतर उनके साथ अन्याय है। उन्होंने इस विसंगति को दूर करने के लिए शासन स्तर पर ठोस निर्णय लिए जाने की मांग उठाई।
‘अब यह सिर्फ पूर्व सैनिकों की नहीं, मोर्चे की लड़ाई’
पूर्व सैनिकों की समस्याएं सुनने के बाद रघुनाथ सिंह नेगी ने कहा कि अब यह लड़ाई केवल पूर्व सैनिकों की नहीं रह गई है, बल्कि जन संघर्ष मोर्चा इसे अपनी लड़ाई मानकर आगे बढ़ाएगा। उन्होंने कहा कि देश की सेवा कर चुके पूर्व सैनिकों के अधिकारों और सम्मान से किसी भी स्तर पर समझौता नहीं किया जा सकता।

नेगी ने कहा कि समान कार्य-समान वेतन की मांग को लेकर जन संघर्ष मोर्चा जल्द ही मुख्यमंत्री के समक्ष मामला उठाएगा और शासन से पूर्व सैनिकों की समस्या के समाधान की मांग करेगा। उन्होंने कहा कि पूर्व सैनिकों को लंबे समय तक आश्वासन के भरोसे नहीं छोड़ा जा सकता। शासन को उनकी मांग पर गंभीरता से विचार कर न्यायसंगत निर्णय लेना चाहिए।
मांग नहीं मानी तो आंदोलन का रास्ता अपनाएगा मोर्चा
मोर्चा अध्यक्ष ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि शासन स्तर पर पूर्व सैनिकों की मांग पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो जन संघर्ष मोर्चा आर-पार की लड़ाई लड़ने के लिए तैयार है। उन्होंने कहा कि जरूरत पड़ी तो पूर्व सैनिकों के साथ मिलकर आंदोलन को व्यापक रूप दिया जाएगा।

उन्होंने कहा कि पूर्व सैनिकों ने अपने जीवन के महत्वपूर्ण वर्ष देश की सुरक्षा और सेवा में समर्पित किए हैं। ऐसे में सेवानिवृत्ति के बाद विभिन्न संस्थानों में जिम्मेदारी के साथ सेवाएं दे रहे पूर्व सैनिकों को उनके कार्य के अनुरूप सम्मानजनक और न्यायसंगत वेतन मिलना चाहिए। किसी भी प्रकार की वेतन विसंगति को अनदेखा करना उनके साथ अन्याय होगा।

कार्यक्रम में पूर्व सैनिक संगठन के अध्यक्ष प्रदीप कुमार, महामंत्री मुन्ना सिंह तोमर, शीशपाल तोमर, सुभाष कुमार, राजेश भारद्वाज, राकेश गुलेरिया, जन संघर्ष मोर्चा के हाजी असद, प्रवीण शर्मा पिन्नी, शशिकांत जसोला, दरवान सिंह नेगी, धर्मपाल सिंह, सत्य प्रकाश जोशी, सुनील कुमार, किशन चौहान, गंगा सिंह, नीरज सिंह, राकेश बिष्ट, जितेंद्र सिंह, राजेंद्र सिंह, रविंद्र कुमार, सुभाष चंद्र, अमरजीत, राकेश छेत्री, अरविंद सिंह सहित बड़ी संख्या में पूर्व सैनिक एवं अन्य लोग मौजूद रहे।
दावे वाली भाषा को संतुलित करें
दोहराव कम करके खबर कसें
मुख्य खबर और बॉक्स अलग करें
