कार्डियोलॉजिस्ट–न्यूरोलॉजिस्ट की तैनाती को लेकर मोर्चा ने दी शासन में दस्तक

कार्डियोलॉजिस्ट–न्यूरोलॉजिस्ट की तैनाती को लेकर मोर्चा ने दी शासन में दस्तक

देहरादून। (उत्तराखंड बोल रहा है)
उप जिला चिकित्सालय, विकासनगर में विशेषज्ञ चिकित्सकों की भारी कमी को लेकर जन संघर्ष मोर्चा ने शासन स्तर पर सशक्त पहल की है। मोर्चा अध्यक्ष एवं जीएमवीएन के पूर्व उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह नेगी ने मुख्य सचिव श्री आनंद बर्धन से मुलाकात कर अस्पताल में कार्डियोलॉजिस्ट एवं न्यूरोलॉजिस्ट की तैनाती हेतु ज्ञापन सौंपा। मुख्य सचिव ने मामले की गंभीरता को देखते हुए सचिव, स्वास्थ्य को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
नेगी ने कहा कि उप जिला चिकित्सालय, विकासनगर पछवादून क्षेत्र (विकासनगर–जौनसार व आसपास) का प्रमुख चिकित्सालय है, जहां प्रतिदिन लगभग 500 ओपीडी होती है। इसके बावजूद यहां कार्डियोलॉजिस्ट की तैनाती न होने से हृदयाघात एवं पक्षाघात (अटैक) के मरीजों को समय पर उपचार नहीं मिल पाता। मजबूरी में मरीजों को दूर रेफर किया जाता है, जिससे कई बार आधे रास्ते में ही मौत हो जाती है।
उन्होंने कहा कि हार्ट अटैक जैसी स्थिति में हर पल कीमती होता है, लेकिन विशेषज्ञ डॉक्टर के अभाव में इलाज न मिल पाने से परिवारों को अपूरणीय क्षति उठानी पड़ती है। वहीं, कई गरीब मरीज प्राइवेट अस्पतालों में महंगे इलाज व जांच का खर्च वहन नहीं कर पाते, जिससे उनकी परेशानी और बढ़ जाती है।
नेगी ने न्यूरोलॉजिस्ट की तैनाती को भी अत्यंत आवश्यक बताते हुए कहा कि इससे न्यूरोलॉजिकल रोगों से पीड़ित मरीजों को बड़ी राहत मिलेगी। उन्होंने स्पष्ट कहा कि यदि अस्पताल में संबंधित विशेषज्ञों के पद स्वीकृत नहीं हैं, तो नए पदों का सृजन किया जाना चाहिए।
मोर्चा अध्यक्ष ने दो टूक कहा—
“मरीजों को भगवान भरोसे नहीं छोड़ा जा सकता। शासन को जनहित में तत्काल ठोस कदम उठाने होंगे।”
जन संघर्ष मोर्चा ने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन का रास्ता अपनाया जाएगा।