चिन्हीकरण से वंचित आंदोलनकारियों को मिले सम्मान, मोर्चा ने सीएम से लगाई गुहार
(उत्तराखंड बोल रहा है)
देहरादून।
जन संघर्ष मोर्चा के प्रतिनिधिमंडल ने मोर्चा अध्यक्ष एवं जीएमवीएन के पूर्व उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह नेगी के नेतृत्व में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मुलाकात कर राज्य आंदोलनकारियों के चिन्हीकरण मानकों में ढील देने और प्रक्रिया शुरू करने की मांग रखी।
प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री को अवगत कराया कि वर्तमान मानक इतने जटिल हैं कि हजारों वास्तविक आंदोलनकारी आज भी चिन्हित नहीं हो पाए हैं। इस पर मुख्यमंत्री ने सचिव गृह को मामले में आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
नेगी ने कहा कि राज्य निर्माण आंदोलन के दौरान अधिकांश लोगों के पास दस्तावेज सुरक्षित नहीं रहे, वहीं उस समय पुलिस और अभिसूचना विभाग ने केवल चुनिंदा और चर्चित लोगों के नाम ही रिकॉर्ड में दर्ज किए। इसके चलते कई सक्रिय आंदोलनकारी आधिकारिक सूची से बाहर रह गए।
उन्होंने बताया कि अनेक आंदोलनकारी केवल सम्मान के लिए चिन्हित होना चाहते हैं, न कि किसी आर्थिक लाभ या पेंशन के लिए। ऐसे में सरकार को मानकों में शिथिलता लाकर वंचित आंदोलनकारियों को न्याय देना चाहिए।
मोर्चा ने मांग की कि लंबे समय से इंतजार कर रहे आंदोलनकारियों की उम्मीदों को पूरा करते हुए चिन्हीकरण प्रक्रिया शीघ्र शुरू की जाए, ताकि उनके योगदान को उचित सम्मान मिल
चिन्हीकरण से वंचित आंदोलनकारियों को मिले सम्मान, मोर्चा ने सीएम से लगाई गुहार
